इंडियन सेक्सी मूवी बीएफ

छवि स्रोत,सेक्सी वीडियो लंड सेक्स वीडियो

तस्वीर का शीर्षक ,

सेक्सी पिक्चर बघण्यासाठी: इंडियन सेक्सी मूवी बीएफ, जब नहा कर सिर्फ तेलिया लपेट कर बाथरूम से बाहर आई तो देखा कि विकास पहले से आये हुए थे.

डाउनलोड मूवी सेक्सी

ये तो उसकी उत्तेजना थी, जिसकी वजह से वो पूरे जोश से धक्के मार रहा था. हिंदी ब्लू पिक्चर सेक्सी ब्लू पिक्चरउसने मुझसे कुछ नहीं कहा, बल्कि अपनी मनमानी करते हुए मेरी गर्दन पकड़ मुझे बिस्तर पर झुका दिया.

इसलिए उसने खुद नीचे से हल्का हल्का जोर देना शुरू किया और मेरी कमर पकड़ कर अपने हाथ से मुझे हिलाना भी शुरू कर दिया. भोजपुरी हीरोइन की सेक्सी पिक्चरमैंने देखा कि वो काम करते वक़्त बीच बीच में मेरी तरफ देखती और फिर मन ही मन में मुस्कुरा देती.

हम दोनों एक दूसरे की बांहों में समाये हुए एक दूसरे की धड़कनों को सुन रहे थे.इंडियन सेक्सी मूवी बीएफ: काव्या ने बोला- अच्छा जी … तो जनाब सीधा सेक्स करते हैं?ये कह कर उसने मुझे आंख मार दी.

हम लोगों की लाइफ अच्छी चल रही है, बस किसी नए कपल की तलाश है … जो भरोसे लायक हो … हमारी निजता को अपनी निजता समझे और जीवन को एन्जॉय करे.तो दोस्तो, अनचुदी बूर की चोदाई कहानी कैसी लगी आपको?[emailprotected].

सेक्सी वीडियो ऑफ़ देसी गर्ल्स - इंडियन सेक्सी मूवी बीएफ

अंतरा ने एक पल भी देर ना करते हुए मेरे लंड को अपने मुँह में डाल लिया और चूसने लगी.मैंने कहा- साली रंडी, यहां क्यूं बैठी हुई है? तुझे चुदना नहीं है क्या? चल साली बेडरूम के अंदर.

उनकी गांड का मुलायम स्पर्श मिलते ही मेरा लंड फन फना कर लोहे की रोड की तरह सख्त हो कर बुरी तरह से अकड़ चुका था. इंडियन सेक्सी मूवी बीएफ उसने भी पूरी जिम्मेदारी के साथ मुझे गहराई तक धक्का मारा, जिसकी मुझे जरूरत थी.

दीदी की चुदाई की इस सेक्सी स्टोरी में पढ़ें कि दीदी के मोबाइल से मुझे पता लगा कि उनकी चूत सेक्स के लिए मचल रही है.

इंडियन सेक्सी मूवी बीएफ?

जब सुसराल में कोई नहीं रहता है, तो मैं चुपके से सुसराल पहुंच कर अपनी सलहज विशाखा को खूब चोदता हूँ. मामा जी के घर पर मेरे नाना-नानी, मामा-मामी और उनके दो जुड़वा बच्चे हैं जो बहुत छोटे हैं. थोड़ी देर बाद मेरी साली भी काम ख़त्म करके मेरे कमरे में आ गई और उसने मुझसे पूछा- जीजा, आपका मूड कुछ सही नहीं लग रहा है, क्या बात है?मैंने उसको बोला- मेरी लाइफ बिल्कुल नीरस हो गई है, मेरी बीवी और बेटा मुझसे दूर हैं और मैं यहाँ अकेला पड़ा हूँ.

उसने भी अपनी टांगें फैला दीं … ताकि उसकी चूत में मेरी उंगलियां ठीक से चल सकें. करीब एक मिनट की इस स्खलन प्रक्रिया के बाद दोनों ही ढीले होकर एक दूसरे से लिपटे रहे. मम्मी हंस कर बोलीं- अच्छा बच्चू … अब तू इतना बड़ा हो गया है, जो अपने पापा की कमी पूरी कर देगा … और तू कैसे करेगा अपने पापा की कमी पूरी, जरा बता तो?इस बात पर मैंने अपने होंठों को मम्मी के होंठ रख दिए और उनको जोरदार किस करने लगा.

फिर वो सीधे मेरे ऊपर आकर 69 की अवस्था में होकर मेरी चूत को किसी बहुत प्यासे और भूखे इंसान की तरह चूसने और चाटने में लग गए. उसने अपनी टांगें कमलनाथ के चूतड़ों के इर्द गिर्द लपेट लीं और उसे खुद में समा लेने की चेष्टा करने लगी. आपके प्यार का इन्तजार करूँगा और जल्द ही एक नई सेक्स कहानी लेकर आऊंगा.

चुदाई के पहले ही मेरी चूत काफी गर्म हो गयी थी और उसका लंड मेरी चूत में अन्दर बाहर हो रहा था, जिससे मेरी चूत को अजीब सा अच्छा फील हो रहा था. उसकी गर्म और गहरी सांसों के चलते उसकी चुचियां और तेजी से ऊपर नीचे हो रही थीं, जिसे देख के मेरा लंड पूरा टाइट हो गया.

धीरे धीरे उनका दबाव बढ़ने लगा और देखते ही देखते अंकल का लंड मेरी चूत में घुसता हुआ पूरा का पूरा अंदर समा गया.

तो वो बोली- क्या मेरी चूत को आपके लंड का स्वाद मिलेगा या खाली ज़ीभ से ही काम चलना पड़ेगा?मैं बोला- ज़रूर मिलेगा मेरी जान! लेकिन मैं इस दिन को एक यादगार दिन बनाना चाहता हूँ.

इसमें मैच क्या करना होता है? मगर मुझे एक बात सच बताओ कि क्या तुम मुझको पसंद करती हो?वो बोली- हां …इतना कहकर वो फिर से शरमाने लगी. अब तक आपने मेरी इस दिलकश हॉट गर्ल अनल सेक्स स्टोरीकमसिन लड़की की कुंवारी गांड में सख्त लंडमें जाना था कि मैं नजमी को दुबारा भी चोद चुका था. मैंने फ़ौरन ही उसकी चुचियों को सहलाना शुरू किया और उसके होंठों को चूसने लगा.

अब मुझे आनन्द आने लगा था और मैं उसे कभी पकड़ कर, कभी अपने चूतड़ उठा कर मजे आने के संकेत देने लगी थी. उसने टी-शर्ट के ऊपर से ही मेरे बूब्स दबाने चालू कर दिए उसने टी-शर्ट उतारने की कोशिश की … लेकिन मैंने मना कर दिया और बोल दिया- यहां मत उतारो. मैं जन्नत के द्वार पर दस्तक दे रही थी और डॉक्टर साहब का लण्ड मेरे योनिद्वार पर.

ऐसे ही 10 मिनट तक लंड सहलाने के बाद मैंने उसको इशारा किया कि टॉयलेट में चलो.

वैसे भी हम दोनों एक ही कॉलेज में पढ़ते थे तो मुझे इस बात के बारे में सोचने की ज्यादा जरूरत भी नहीं थी. मैं उसकी उत्तेजना समझ गई थी और संभोग की अवधि भी बहुत अधिक हो चुकी थी, इसलिये अब कांतिलाल को झड़ना थोड़ा आसान सा लगने लगा था. मैंने उठकर पीछे मुड़ उसे देखा, तो वो हाथ से अपने लिंग को हिलाते हुए मुस्कुरा रहा था.

मैं तुझसे पूछ रही हूं कि ये सेट मेरे ऊपर कैसा लग रहा है?मां के दोबारा पुकारने पर मैं होश में आया और मैंने कहा- अच्छा लग रहा है. मैं- अच्छा और मेरा क्या एक तो मेरा बीएफ नहीं आया … ऊपर से तुम्हारे पास मेरे लिए टाइम नहीं है. होटल वाले को कोई शक न हो जाए, इससे पहले तुम और रोशनी दोनों अपने रूम में चली जाओ.

उससे मेरी बहुत सारी बातें हुईं और मैंने उससे पूछा- क्या सब लोग इकट्ठे हो चुके हैं? अभी तो नए साल आने में 2 दिन हैं.

जब मैंने वापस आकर देखा, तो मुझे सामने बिस्तर पर कांतिलाल जांघिये में मुस्कुराता हुआ दिखा. वो अपनी आंखें झुका कर बोली- कहां चले गए थे आप?मैं एकदम सन्न रह गया.

इंडियन सेक्सी मूवी बीएफ और वैसे भी एक नंबर का चूतिया है, हर किसी से हर बार से डरता है।बीवी उसकी बहुत सुंदर है, देखने में भी अच्छी तगड़ी है। शादी के बाद आते ही उसने भाई को अपने कब्जे में कर लिया। भाई तो बस उसका गुलाम ही बन गया।जब मेरी शादी नहीं हुई थी, तब मेरा और भैया भाभी का कमरा बिल्कुल मेरे साथ वाला था. एक दिन नॉर्मल बात हुई फिर सबकी तरह उसकी भी वही डिमांड कि पिक सेंड कर दो.

इंडियन सेक्सी मूवी बीएफ हॉट आंटी की काली चूत की कहानी में पढ़ें कि कैसे मेरी बिल्डिंग की लिफ्ट में एक आंटी मुझे मिली. कहानी लिखने का हमारा उद्देश्य भी पाठकों को मजा दिलाना ही है किंतु हमने किसी कल्पना का सहारा नहीं लिया है.

लेकिन मेरा लंड पूरा मेरी सगी बहन की बेटी की चूत में समा चुका था और उसकी सील टूट चुकी थी.

शेरावाली माता का चित्र

इसी बीच मैंने जानबूझ कर अपना मोबाइल नीचे गिरा दिया और उसे उठाने के लिए जब मैं नीचे झुका, तो मैंने टेबल के नीचे से ही काव्या की साड़ी हल्की ऊपर करके उसकी टांगों को हौले से चाट दिया. फिर भाभी बोली- लेकिन इतने पैसे देगा कौन?मैंने कहा- वो सब बात मैंने कर ली है. तभी कांतिलाल ने तेज़ी से कविता को उठाया और बिना लिंग बाहर किए खुद पीठ के बल गिर गया.

सारे लोग बारात में गये हुए थे लेकिन मेरा उसी दिन एक एग्जाम होना था तो मैं बारात में नहीं जा सका. उसे वाकयी बहुत आनन्द आने लगा और उसके चेहरे पर वासना की आग बढ़ती हुई दिखने लगी. पहला आदमी रवि था, जो दिल्ली से था, दूसरा राजशेखर, जो गुजरात से और तीसरा कमलनाथ, जो मुम्बई से आया था.

मैं उसकी बेइज्जती भारी बातें दरकिनार करती हुई मुख पर बनावटी हँसी दिखाते हुए उसके बगल बैठ गई.

यह जोक मुझे तो पूरी समझ में आ गया था लेकिन रवीना को एक छोटी सी बात समझ नहीं आई थी. दरवाजे की घंटी बजाई, तो रमा ने दरवाजा खोला और मुझे पकड़ कर भीतर ले जाते हुए सभी से मुखातिब होते हुए जोर से बोली- फ्रेंड्स ये है आज का तोहफा मेरी तरफ से … ये है मेरी सबसे खास सहेली सारिका. वो मेरी योनि में उंगली डाल चाट रहा था और मैं एक हाथ से उसका लिंग हिला रही थी, दूसरे हाथ से उसके आंडों को सहला रही थी.

वो रोज करीब नौ बजे कॉलेज जाने के लिये निकलती है। मैं भी करीब उसी वक्त निकलता हूँ. फिर अचानक उसके पति की आवाज आई- कहां हो तुम?तो उसने अन्दर से कहा कि मैं बाथरूम में हूं … नहा रही हूं. उस लंड चुसाने वाले लड़के के हटते ही चौथा लड़का मुन्ना, जिसका लंड सबसे बड़ा था, वो आ गया.

मैंने भी उस नंगी गर्ल को देखा तो झट से अपने कपड़े खोल दिए और अपना लंड बाहर निकाला. उसने अपनी आंखें बंद कर लीं, तो मैंने हल्के से उसकी आंखों को चूम लिया.

हम दोनों की इस स्माइल में एक गहरा अर्थ छिपा होता था, जो बस मुझे या सुरेश को ही समझ आता था. मैंने जोर से उसके होंठों को चूसना शुरू कर दिया और अरशी भी बिना किसी विरोध के मेरा साथ देने लगी. जीवन में पहली बार मेरे साथ ये अवसर था कि जहां मैं किसी उत्सव में लोगों के साथ न केवल नंगी थी … बल्कि हम सब तो नंगे ही थे और किसी को भी अजीब नहीं लग रहा था.

चूंकि ये चाची की चूत की चुदाई मेरी पहली कहानी है इसलिए कहानी लिखते समय कोई गलती हो जाये तो आप उसे नजरअंदाज कर दें.

फिर वो कहने लगी कि चूत में लंड डालो तो मैंने कहा कि अगर तुम सफाई करने दोगी तो ही मैं डालूंगा. तो मैंने कुछ इंतजाम किया और उसे मैंने अपने शहर जाने वाली बस में बिठा दिया. भाभी के मुंह से सिसकारी बाहर आना चाहती थी लेकिन साथ में ही पति सो रहा था.

पूरे समय वो मेरे आगे पीछे घूमता रहा था और जब कभी उसे मौका मिलता था, वो मुझे छूने, छेड़ने से रुकता नहीं था. वो अपनी गांड नीचे से उछाल उछाल कर अपनी उंगली अपनी चुत में डाल कर … और मम्मे दबाने लगीं.

जो शांत स्वभाव की थी और दिखने में किसी स्वर्ग की अप्सरा से कम नहीं थी. रेनू चाची उस वक्त घर में अकेली थी और उसने काले रंग की साड़ी पहनी हुई थी जिसमें वो बहुत ही सेक्सी लग रही थी. उसका रंग एकदम गोरा ऐसा है जैसे वो कोई फिरंगी की औलाद हो और विदेश से आयी हो.

कट वाली चड्डी

वो बोला- बहुत फैंसी पैंटी पहनती है तू तो … और तेरी गांड कितनी मस्त है.

उसके बाद मेरी गांड देख कर अंकल ने मेरी गांड चाटी और उसमें उंगली की. मेरी सहेली के बताये होटल में जाने का हम दोनों ने एक दिन तय कर लिया. उम्म्ह … अहह … हय … ओह … क्या बताऊं यारों, अपनी ममेरी बहन की चूत में लंड देने का वो पहला अहसास … आज भी उस पल को याद करते ही मुट्ठ मारने का मन कर जाता है.

और मैंने उसे आगे कर दिया।जब मैंने उसकी गांड को देखा तो मुझे लगा कि ये बिल्कुल सील पैक है। फिर मन में आया कि आज भी कोई बिना चुदे रह सकती है क्या भला?उस दिन तो वो मुझे फिर नहीं दिखी।पर अगले दिन मैंने उसे सीढ़ियों पर मेरी ही क्लास में जाते हुए देखा. बुआ बोली- देखते क्या हो? पूरा अंदर डालो!मैंने धक्का दिया और मेरा लंड आराम से बुआ की चूत के अंदर चला गया. भोजपुरी लड़की के सेक्सीसंभोग करते हुए लगभग एक घंटा होने को था और कांतिलाल उन मर्दों में से था, जो अपने अनुसार अपना वीर्य रोक सकते थे.

मुझे बेड पर उल्टा लिटाने के बाद उसने मेरी गांड पर थूक दिया और मेरी गांड के छेद पर लंड को रगड़ने लगा और फिर अचानक से मेरी गांड में अपना लंड पेल दिया. आंटी ने मुझे फोन पर ये बता दिया था कि इमरान और उसके पापा दो दिन के लिए बाहर जायेंगे.

उसने मेरी बांयी टांग को घुटने के नीचे से हाथ डाल उठा कर ऊपर कर दिया, इससे मेरी टांग मेरे सीने तक उठ गई. फिर उन लोगों के जाने के बाद हम दोनों ने समुद्र किनारे बैठकर एक बियर मंगवाई. [emailprotected]हॉट हिंदी सेक्स स्टोरी का अगला भाग:कॉलेज गर्ल चुदी पड़ोसी अंकल से- 2 (बिंदास ग्रुप).

और फिर बोली- निखिल, आज मैं भी यही बेड पर सो जाऊंगी क्योंकि तुम्हारी हालत भी ठीक नहीं है. मैं और ज्यादा जोश में आकर सिसकारियाँ भरने लगी उम्म्ह … अहह … हय … ओह … और उसके बालों में अपनी उंगलियाँ घुमाने लगी. मैंने आश्चर्य जताया कि भाभी ये कौन सा वक्त है नहाने का?भाभी बोलीं- मैं रात में नहा कर ही सोती हूँ.

गर्म चिकनी चूत की चुदाई का जो मजा भाभी उस रात को मुझे दे रही थी उसको अपने शब्दों में मैं लिख नहीं पा रहा हूं.

उसकी गांड मेरे लंड की तरफ धक्के देने लगी तो मैं समझ गया कि अब ये भी चुदने के लिए तैयार हो चुकी है. वो शायद मेरी पहली ऐसी क्लाइंट थी जिसने बिना देर किये अपना ऑर्डर बुक किया जिसके तहत हमने मसाज की डेट फिक्स कर ली.

उसका हाथ जैसे ही मेरे होंठों तक आया, तो मेरी सांसें तेज तेज चलने लगीं. कुछ देर बाद प्रिया सोने के लिए छत पर आयी और मैं और चाचा का लड़का एक साथ सोये थे. मैंने कहा- तुम इस घोंसले को अपनी चूत के ऊपर हटाती नहीं हो क्या?वो बोली- मुझे ये सब करने का टाइम नहीं मिलता है.

अब उस लड़के का सुनो, जिसका लंड अंतरा चूस रही थी, उसके मुँह से एकाएक आह की आवाज निकली और उसने अपना गाढ़ा सफेद वीर्य अंतरा के मुँह में छोड़ दिया. फिर भाभी बोलीं- अच्छा जी … पर मुझे पहले ये तो बताओ कि आपको मुझमें ऐसा क्या ख़ास दिखा है … ये बताओगे जरा?मैं बोला- छोड़ो भाभी. मेरा लंड खड़ा हो गया था और मैं उसके हाथ में लंड देना चाह रहा था लेकिन उसी वक्त फिर वो उठ कर चली गई.

इंडियन सेक्सी मूवी बीएफ हम दोनों चुपचाप ये सब कर रहे थे क्योंकि आंटी भी बगल में ही सो रही थी. शादी के कुछ दिनों के बाद मेरे साले की नौकरी छूट गयी, जिस वजह से सुसराल में रोज लड़ाई हो रही थी.

लिंक को परिभाषित

एक दूसरे को कामुक नजर से देखते हुए मैं अपना कड़क लंड हिला रहा था और अम्मा जोर जोर से खीरा चुत में डाल रही थीं. मुझे कुछ तो समाजिक बंधन डरा रहे थे, कुछ अन्दर से भी डर सा लग रहा था. बुर के होंठ एक दूसरे से चिपके हुए थे। बुर की दरार ऐसी थी जैसे किसी ने पेंसिल से बना दी हो।उसकी बुर को देखकर समझ गया था कि सोनम के बाद उसकी प्यारी बुर को देखने वाला पहला खुशनसीब इंसान मैं ही था।मैंने सोनम की बुर को चूम कर के उसकी मुंहदिखाई उसे दी.

आंटी का अंगूठा चाटते चाटते मैं उनकी साड़ी को सरकाते हुए उनकी संगमरमर जैसी जांघ पर पहुंच गया. आखिरकार मैंने उसकी चुत में ही लंड डालना मुनासिब समझा और उसको चोदने लगा. सास दामाद का सेक्सीउसने भी मेरे सिर के पीछे हाथ लगा कर मेरे बालों को सहलाते हुए मेरा साथ देना शुरू कर दिया.

मैं बहुत सी फीमेल क्लाइंट के पास सर्विस देने जाता हूं क्योंकि मैं सिर्फ फीमेल क्लाइंट्स को ही सर्विस देता हूं.

भाभी की चूत पच-पच कर रही थी और दोनों की जुबान आह् … आह … कर रही थी. आज उस घटना को इतना वक्त बीत चुका है और वो अभी भी मुझसे अपनी बुर चोदन करवाती है.

तीन चार विजिट के बाद डॉक्टर साहब मुझसे इतना खुल गये कि मौका मिलते ही मेरी चूचियां और चूतड़ दबा देते. मैं लगातार उसकी बुर को चाटता जा रहा था और बीच बीच में अपनी जीभ उसकी बुर के काफी अन्दर तक डाल कर उसे अन्दर ही घुमाता और चूत की दीवारों को अपनी खुरदुरी जीभ से चाट देता. मैं- ये कौन सा था जाम, जो तूने आंखों से पिला दिया … बंदा तो एकदम सीधा था, तूने सारा सिस्टम हिला दिया.

पहली बार मैंने किसी लड़की के चूचे अपनी आंखों के सामने इस तरह से नंगे देखे थे.

वहां से निकलने के बाद रमा मुझे एक कपड़े की दुकान पर ले गई और जोर जबरदस्ती करके मुझे मेरी नाप के नए कपड़े दिलवाए. स ऐसे ही, कुछ नहीं।मुझे कुछ सूझ ही नहीं रहा था कि क्या जवाब दूं?वो फिर हल्का सा मुस्कराये और उन्होंने अपनी गर्दन नीचे कर ली. राजेश्वरी ने राजशेखर की उत्तेजना भंग सी कर दी थी, उसमें पहले की तरह जोश नहीं दिख रहा था.

भाभी के साथ सेक्सी वीडियो हिंदीमुझे लगा कि शायद सीमा भाबी गलती से मेरी रजाई में आ गई हो इसलिए मैं थोड़ी देर ऐसे ही चुपचाप लेटा रहा. उन चारों ने फिर से मदिरा पीनी शुरू की और अपनी अपनी पत्नियों के अगले दिन आने की बात कही.

भाभी को नंगा करके चोदा

मैंने इसे उसकी स्वीकारोक्ति मानकर अपना काम शुरू कर दिया और हल्के हल्के धक्के देने लगा. मैं जब भी उसको छूने की कोशिश करता तो ऐसे बर्ताव करता था कि वह सब मैंने जानबूझ कर नहीं किया है और गलती से ही उसको टच हो गया है. कविता ज्यादा देर तक उसे रोक नहीं पाई और फिर उसने खुद को कांतिलाल को समर्पित कर दिया.

हम दोनों चुपचाप ये सब कर रहे थे क्योंकि आंटी भी बगल में ही सो रही थी. पर इस चक्कर में उसके जोर लगाने से उसका खड़ा मस्त लंड मेरी गांड के छेद पर बार बार हल्के हल्के धक्के भी दे जाता था तो मुझे मजा आ जाता था. मेरा मोटा और सख्त लंड उनको अपनी गांड पर शायद महसूस हुआ तो वो एकदम से उठ गई.

उसने मेरी जांघें पकड़ीं और अपनी जुबान बाहर निकाल कर एक बार में ही सारी क्रीम चाट कर साफ कर दी. थोड़ी ही देर में उनके साथ हंसी मजाक होने लगा और हम तीनों की आपस में अच्छी जमने लगी. वो देख भी रही थी और शर्मा भी रही थी, मगर उसने देखने से मना नहीं किया और न ही अपना मुँह दूसरी तरफ घुमाया.

उसने मेरे हाथ से पैग लेते हुए बोला- मस्त है तू तो, कभी पहले नहीं दिखी, बाहर से आई है क्या?मैंने भी हां कहते हुए बोला- उत्तरप्रदेश से आई हूं. उसने हाथ पीछे करते हुए मेरे गाल पर चिकोटी काटते हुए कहा- चलो हम बाथरूम में चलते हैं … वहां करेंगे.

जिस तरह से वो मेरी जुबान को चूस रहा था और मेरे स्तनों को मसल रहा था, उससे लग रहा था … मानो अब वो झड़ जाएगा.

मैंने उससे कहा- नहीं ऐसा नहीं है, वास्तव में मेरी कोई गर्लफ्रेंड नहीं है।फिर मैंने उससे पूछा- तुम्हारा कोई बॉयफ्रेंड नहीं है?वो मेरे इस सवाल पर बोली- नहीं, मेरा कोई बॉयफ्रेंड नहीं है. सुहागरात सेक्सी एचडीचूंकि उन्होंने मुझे कुछ विशेष सुविधा दी थी, इसलिए मैं विरोध नहीं कर सकी. नेपाली भाभी की सेक्सीसाथ में एक जवान लड़की अपनी चूत में उंगली कर रही हो तो भला किसे चैन आने वाला था. अब मैं उसके ब्लाउज को खोलने ही वाला था कि तभी मुझे लगा कि कोई हमें देख रहा है.

कांतिलाल आनन्द से सिसकारियां भरने लगा और पूरी ताकत से कभी मेरे स्तन, तो कभी चूतड़ों को मसलने लगा.

जैसे ही मैंने उसकी चूत पर अपनी ज़ीभ लगाई तो वो बहुत ज़ोर से सिसकारियाँ लेने लगी. कभी मैं उनके बोबों को मसलता, तो कभी उनकी गीली चूत को अपनी मुट्ठी में भर कर दबा देता. लेकिन अगली सुबह मेरी वासना फिर मुझे सीढ़ियों में लाकर खड़ा कर देती है.

कोई 5 से 7 मिनट होने को थे कि नेता झटके खाने लगा और जोर जोर से गुर्राते हुए पूरी ताकत से धक्के मारने लगा. शाम को घर के सब लोग भी वापस आने वाले थे इसलिए उनके आने से पहले हमने एक बार और ऊपर कमरे में आकर चुदाई कर ली।भाबी अब बहुत खुश नजर आ रही थी. फिर उन्होंने मुँह से लौड़ा निकाला और उसपर बहुत सारा थूक लगाकर फिर से अपने मुँह में उतार लिया और मसल मसल कर चूसने लगीं.

helpline सेक्स

फिर मैंने अपने हाथ को उसके गले के ऊपर से कमीज को थोड़ा खींचते हुए अंदर हाथ डाल दिया. फिर मैंने डॉली की चूचियों की तरफ देखा और उसको और जोर से किस करने लगा. जब मैं दीदी के यहां पर रहने के लिए आया था तो तब से लेकर अब तक मैंने कभी भी उन दोनों के कमरे से किसी तरह की आवाज नहीं सुनी थी.

लगातार 7 से 8 मिनट तक चूत चुसाई से आंटी एक तेज़ अकड़न के साथ झड़ गयी थीं.

कहानी लिखने का हमारा उद्देश्य भी पाठकों को मजा दिलाना ही है किंतु हमने किसी कल्पना का सहारा नहीं लिया है.

इसमें लोग जिस किसी का किरदार चुनते हैं, उसका अभिनय करते हुए खुद को संभोग क्रिया में पालन करते हैं. वो झट से बोली- प्लीज आप लोग मुझे भाभी कहना बन्द कीजिये … केवल रमा कहिए … और किसे कहां चोदना है, मुझसे ना पूछें, मैं भी तो देखना चाहती हूँ कि आखिर ये कैसी सर्विस देती है. मोटा लेडीस का सेक्सी वीडियोकांतिलाल के निर्देशानुसार मैं लिंग पर सीधी बैठ थी और आगे की तरफ अपने चूतड़ों को धकेल धकेल कर संभोग करने लगी थी.

कविता ने कांतिलाल की कमर को पकड़ रखा था, तभी कांतिलाल ने अपना बांया हाथ नीचे किया और अपने लिंग को पकड़ कर कविता की योनि में प्रवेश कराने लगा. सोने से पहले मौसी ने मुझे याद दिलाया कि पापा ने मालिश करने के लिए कहा था. मैं हंसने लगा और बोला- मैडम, मैं भी इन्सान हूं, थोड़ा रहम कर लीजिये.

पर उसने मेरे दोनों हाथों को अपने हाथों से उंगलियों में उंगलियां फंसा मुझे कसके पकड़ लिया. इस पर कमलनाथ ने कहा- वो तो ठीक है रमा … पर तुम अपनी सहेली को उस चूतिये नेता के साथ क्यों सोने दिया?रमा बोली- नहीं करती तो तुम सबको बेवकूफ कैसे बनाती और फिर क्या हुआ … कौन सा उस गधे नेता ने कुछ लूट लिया.

फिर मेरे पति ने अपनी जांच कराई तो डॉक्टर ने उन्हें बताया कि वे कभी मुझे माँ नहीं बना पायेंगे.

मैंने उसे गुस्से में बोला- हटो मेरे ऊपर से … आप बहुत बेरहम इंसान हो. उसको लेकर मैं सोचता रहता था कि काश इस हॉट गर्ल चोदने का मौका मिल जाए … तो मजा आ जाए. मैं भी अपने ऑफिस वाले लड़के से बात करती थी और ऐसे ही मौली के कहने पर मैं भी उसके साथ घूमने जाने लगी.

सेक्सी दिखाओ गाना इसलिए उनसे दोबारा कांटेक्ट नहीं हो पाया और ना मैं दोबारा मिलने गया वहां, क्योंकि राजेश ने मुझे बताया था कि वो करोल बाग़ रहते हैं और द्वारका सोसाइटी फ्लैट में तो बस कभी-कभी वीकेंड पर ही आना होता है. मेरी साली अपने कपड़े बदल रही थी, उसके शरीर पर केवल ब्रा और पेंटी थी, उसका शरीर बिल्कुल संगमरमर की तरह चिकना था.

इस कम्पनी में मेरी रिपोर्टिंग कम्पनी की स्टेट हेड एक महिला लेती थी. फिर उसने मुझे डॉगी स्टाइल में खड़ा किया और मेरे पीछे से लंड पेल कर चुदाई करने लगा. लेकिन अब वे यहां नहीं रहते इसलिए मेरी खुजली कोई नहीं मिटा पाता।मैंने जब रिहाना को नंगी किया तो उसका नंगा बदन देखकर में पूरे जोश में आ गया। मैंने उसे लिटाया और उसके ऊपर आ गया.

इनका चोपड़ा के सेक्सी वीडियो

मैं कम से कम आधे घंटे तक उसकी बुर को चाटता रहा और वो इस बीच 2 बार झड़ भी गई थी. मैं देख रहा था कि सोनू और मोनू भाभी को ऐसी निगाहों से देख रहे थे जैसे उसको अभी कच्ची ही चबा लेंगे. वो मेरी योनि में उंगली डाल चाट रहा था और मैं एक हाथ से उसका लिंग हिला रही थी, दूसरे हाथ से उसके आंडों को सहला रही थी.

चाची का भरा पूरा बदन, मांसल गोरी जांघें, भरे भरे गाल … मेरे लंड की उठक बैठक करा रहे थे और शायद वो यह समझ भी गयी थीं. मैं- ऐसा क्यों?राज- तुम भी तो अपने बॉयफ्रेंड के साथ ट्रेन में सेक्स करतीं … तो फिर कैसे!मैं- अरे छोड़ो यार … अब साथ आया ही नहीं … तो क्या कर सकते हैं.

राजशेखर जितना जोर ऊपर से लगा रहा था, उतना ही जोर मैं भी नीचे से लगाने का प्रयास करने में लगी थी.

सौ एकड़ जमीन थी उसकी लगभग। घर के आस पास बहुत सारे आम के बगीचे थे और बगीचे से बाहर खेत ही खेत थे. मेरा सोचना सही निकला और अभी तक राजशेखर ने मेरे साथ एकल संभोग नहीं किया था, तो उसकी नज़र मुझ पर बहुत पहले से ही थी. धीरे धीरे हम सब ने किसी न किसी लड़के के साथ रिश्ता बनाया और चुदाई का मज़ा लिया।मगर हमने कभी अपने कॉलेज के किसी लड़के को अपने करीब भी नहीं आने दिया क्योंकि हम सब ये बात बहुत ही गुप्त रखना चाहती थीं। कॉलेज के लड़कों का ये डर था कि वो हमारी चुदाई की बातें पूरे कॉलेज में फैला सकते थे.

फिर कुछ देर चूची चुस्वाने के बाद उन्होंने अपनी जीभ मेरे मुंह में डाल दी. उसकी बात सुन कर मैं हंसने लगा और बोला- अच्छा, सच में?मेरी हंसी का कारण पूछने के लिए उसने कहा- लेकिन आप हंस क्यों रहे हो सर?मैंने कहा- चुदाई के समय तो पूरा माहौल गर्म होता है और शरीर को कुछ पता नहीं लगता. बस मैं बिना वक़्त गंवाए अपने मुँह से उसके पेट को चाटता हुआ उसकी बुर तक आ गया.

मै- तुम्हें कैसे पता?राज- मुझे उनकी आवाज़ें आ रही थी … तो मैं समझ गया कि क्या चल रहा था.

इंडियन सेक्सी मूवी बीएफ: स्टेशन पर पहुंचने के बाद उसने बताया कि वो हनुमान मंदिर के पास एक कैब में मेरा वेट कर रहा है. वो लड़की बहुत चालू थी और उसने ऑफिस में ही कई बॉयफ्रेंड बनाये हुए थे.

मैं आगे बढ़ा और उसकी चूचियों के एक निप्पल को अपने होंठों के बीच भर कर खींचने और चूसने लगा. तभी राहुल ने अपना लंड मेरी चूत पर रखा और हल्के से अन्दर डालने की कोशिश करने लगा. इस पर निर्मला ने उससे मजाक करते हुए बोला- तुम्हें भी रंडी बनना है क्या?राजेश्वरी ने उत्तर दिया- क्या यार कोई एक्टिंग कर लेगा, तो क्या वो सच में रंडी हो जाएगी क्या? मैं तो केवल सारिका की एक्टिंग देखना चाहती हूँ.

पर लिंग के लगातार हो रहे प्रहार से मेरे भीतर का सैलाब न रुक पाया और मैं थरथराते हुए झड़ने लगी.

ऐसा लग रहा था जैसे भूखे शेरों के सामने कोई मांस का टुकड़ा डाल दिया गया हो. जब मैं शादी में दूल्हा को लेकर स्टेज पर गया, तब मेरी सलहज मुझे ही लड़का समझ रही थी. मेरे साले की शादी उससे आधी उम्र की लड़की से होने से मेरी सलहज सेक्सुअली संतुष्ट नहीं थी.